Saturday, October 20, 2012

ड्रैगन का खतरा अभी टला नहीं

ड्रैगन का खतरा अभी टला नहीं
नई दिल्ली (एजेंसी)। भारत-चीन युद्ध के 50 साल बीत जाने के बावजूद देश की सीमाओं पर खतरा टला नहीं है। रक्षा विशेषज्ञों ने चेतावनी दी है कि अगर केंद्र सरकार ने आधारभूत ढांचे और तीनों सशस्र बलों के आधुनिकीकरण की दिशा में तत्काल कदम नहीं उठाए तो आने वाले समय में देश को इसके गंभीर नतीजे भुगतने पड़ सकते हैं। भारत-चीन युद्ध के बाद चीन की सीमा पर तैनात किए गए लेफ्टिनेंट जनरल (अवकाश प्राप्त) शंकर रायचौधरी ने एजेंसी से कहा, ‘वर्ष 1962 के युद्ध के बाद से देश में काफी बदलाव आया है, लेकिन खतरा अभी टला नहीं है। सरकारी हलकों में कहा जा रहा है कि भारत और चीन के बीच युद्ध का कोई खतरा नहीं है, जबकि ऐसा नहीं है।उन्होंने कहा, ‘वर्ष 1962 के पहले भी ऐसी ही स्थिति थी। हिंदी-चीनी भाई-भाई का नारा बीजिंग से नई दिल्ली तक गूंज रहा था, लेकिन दोनों देशों के बीच युद्ध हुआ। हमें यह कभी सोचना नहीं चाहिए कि अच्छे संबंधों की वजह से दुश्मन हमला नहीं करेगा। इसके बजाय हमें हालात को ऐसा बनाना चाहिए कि चीन हम पर हमला करने के बारे में सोच ही नहीं सके।’ (शेष पेज 2)
Rashtirya sahara National Edition 20-10-2012 Pej -1 Shuraksha

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